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Navraz Jyotish kendra kangra me ab har problem ka solution kiya jata hai....seva ka mauka de
नवराज़ ज्योतिषलय
Navraz Jyotish kendra kangra me ab har problem ka solution kiya jata hai....seva ka mauka de
More news from Jammu and Kashmir and nearby areas
- Post by Varun Slathia1
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- घुमारवीं, 31 मार्च (राकेश): घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत घुमारवीं पुल के समीप आज एक बड़ा हादसा टल गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, ट्रैक्टर (नंबर PB 08 EK 2473) मेला ग्राउंड की ओर झूले लेकर जा रहा था। इसी दौरान उतराई में अचानक ट्रैक्टर अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे खाई की ओर लटक गया। ट्रैक्टर में सवार दो लोग सुरक्षित हैं और उन्हें किसी प्रकार की कोई चोट नहीं आई है। इस घटना में किसी भी तरह का जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है। घटना के बाद स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया गया। समय रहते बड़ा हादसा टलने से क्षेत्र में राहत का माहौल है।1
- रिपोर्ट 30 मार्च बुद्धि सिंह ठाकुर सैंज। पीएम श्री आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सैंज का वर्ष 2025 26 का Eagerly परिणाम घोषित कर दिया गया है जिसमें प्रधानाचार्य मनोज महाजन द्वारा कक्षा छठी सातवीं, नवी तथा जमा एक के परीक्षा परिणाम घोषित किए गए छठी कक्षा में दीवान ठाकुर ने 1600 में से 1383 अंक हासिल कर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। परीक्षाओं में मुद्दा प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को स्कूल प्रबंधन द्वारा सम्मान भी दिया गया तथा उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई1
- 📰 पांगी (चंबा), 31 मार्च: जनजातीय क्षेत्र पांगी के चलौली गांव में हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की एक बस बड़े हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गई। यह घटना एक बार फिर लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली और सरकारी तंत्र की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव के बीचों-बीच बनी सड़क अत्यंत संकरी है और वहां किसी प्रकार की सुरक्षा दीवार भी नहीं लगाई गई है। हैरानी की बात यह है कि ऐसी खतरनाक सड़क को भी विभाग द्वारा फिटनेस सर्टिफिकेट जारी कर दिया गया है। जब बस इस स्थान से गुजर रही थी, तो कुछ क्षणों के लिए यात्रियों की जान खतरे में पड़ गई। यदि जरा सी चूक हो जाती, तो यह हादसा बेहद भयावह रूप ले सकता था, जिससे न केवल बस सवार लोग बल्कि आसपास के रिहायशी मकान भी इसकी चपेट में आ सकते थे। धरवास पंचायत के उप प्रधान ने इस मामले में सीधे तौर पर लोक निर्माण विभाग को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि पिछले वर्ष भी इसी स्थान पर ऐसी ही घटना हुई थी और इसकी सूचना विभाग को दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद कोई सुधार कार्य नहीं किया गया। इस वर्ष फिर वही स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे विभाग की लापरवाही साफ झलकती है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि पांगी में तैनात कनिष्ठ अभियंता से लेकर सहायक अभियंता और अधिशाषी अभियंता तक सभी अधिकारी क्षेत्र से ही संबंधित होने के बावजूद अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन नहीं कर रहे हैं। उनका ध्यान विकास कार्यों के बजाय निजी स्वार्थों पर अधिक केंद्रित है, जिससे क्षेत्र के लोगों को जोखिम उठाना पड़ रहा है। वहीं, क्षेत्र में अधिशाषी अभियंता की नियुक्ति को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि एक गुट विशेष अधिकारी को संरक्षण देकर उसे उच्च पद पर बैठाने की कोशिश में लगा हुआ है, जबकि क्षेत्र को अनुभवी और जिम्मेदार नेतृत्व की आवश्यकता है। गांववासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस सड़क का चौड़ीकरण कर सुरक्षा दीवार नहीं लगाई गई, तो वे लोक निर्माण विभाग के कार्यालय का घेराव करने के साथ-साथ सरकार के खिलाफ आंदोलन शुरू करेंगे। अब देखने वाली बात यह होगी कि इस घटना के बाद संबंधित विभाग और सरकार कितनी गंभीरता दिखाते हैं और कब तक इस खतरनाक सड़क का सुधार कार्य किया जाता है।1
- जनजातीय क्षेत्र पांगी घाटी के चलौली गांव में आज एक बड़ा हादसा टल गया, जब हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की एक बस खतरनाक मोड़ पर असंतुलित होने से बाल-बाल बच गई। इस घटना ने एक बार फिर क्षेत्र की जर्जर सड़कों और लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, चलौली गांव के बीच से गुजरने वाली सड़क बेहद संकरी है और यहां किसी प्रकार की सुरक्षा दीवार (पैरापेट) भी नहीं बनाई गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस सड़क से रोजाना बसें और अन्य वाहन गुजरते हैं, लेकिन सुरक्षा के नाम पर कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए हैं। हैरानी की बात यह है कि इतनी जोखिमभरी सड़क को भी विभाग द्वारा फिटनेस सर्टिफिकेट जारी किया गया है। घटना के दौरान बस जैसे ही गांव के संकरे हिस्से से गुजर रही थी, कुछ क्षणों के लिए उसका संतुलन बिगड़ गया और यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि चालक की सूझबूझ से बस संभल गई, अन्यथा यह हादसा बेहद भयावह हो सकता था। अगर बस जरा भी फिसलती, तो न केवल यात्रियों की जान खतरे में पड़ती बल्कि आसपास के रिहायशी मकान भी इसकी चपेट में आ सकते थे। धरवास पंचायत के उप प्रधान ने इस मामले में सीधे तौर पर लोक निर्माण विभाग को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष भी इसी स्थान पर इसी तरह की घटना हो चुकी है, जिसकी सूचना विभाग को दी गई थी। इसके बावजूद आज तक न तो सड़क का चौड़ीकरण किया गया और न ही सुरक्षा दीवार का निर्माण हुआ, जो विभाग की घोर लापरवाही को दर्शाता है। स्थानीय ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पांगी में तैनात कनिष्ठ अभियंता से लेकर सहायक अभियंता और अधिशाषी अभियंता तक सभी अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों से मुंह मोड़ रहे हैं। विकास कार्यों की अनदेखी कर निजी स्वार्थों को प्राथमिकता देने के कारण क्षेत्र के लोग लगातार खतरे में जीने को मजबूर हैं। वहीं, क्षेत्र में अधिशाषी अभियंता की नियुक्ति को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि एक विशेष गुट अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर पसंदीदा अधिकारी को उच्च पद पर बैठाने की कोशिश कर रहा है, जबकि क्षेत्र को अनुभवी और जिम्मेदार नेतृत्व की सख्त जरूरत है। गांववासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस सड़क का चौड़ीकरण और सुरक्षा दीवार का निर्माण नहीं किया गया, तो वे लोक निर्माण विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन शुरू करेंगे और कार्यालय का घेराव करने से भी पीछे नहीं हटेंगे। अब यह देखना अहम होगा कि इस घटना के बाद प्रशासन और सरकार कितनी गंभीरता दिखाते हैं और कब तक इस जानलेवा सड़क की स्थिति में सुधार किया जाता है।1
- रिवालसर स्कूल का 100% रिजल्ट 🔥 श्रुति ने 96.3% के साथ किया टॉप | Mandi School Result 20261
- रिपोर्ट 31 मार्च सैंज (बुद्धि सिंह ठाकुर ): शिक्षा के क्षेत्र में चार दशकों से अधिक का समय न्यौछावर करने वाले राजेंद्र शर्मा 31 मार्च को अपनी राजकीय सेवा से सेवानिवृत्त होने जा रहे हैं। इस अवसर पर पीएम श्री राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सैंज में एक भव्य विदाई समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें स्कूल प्रबंधन और विद्यार्थियों ने अपने प्रिय शिक्षक का भावपूर्ण स्वागत किया। विद्यार्थियों और प्रबंधन द्वारा यादगार विदाई समारोह की शुरुआत में स्कूल के पूर्व व वर्तमान प्रबंधन और विद्यार्थियों द्वारा राजेंद्र शर्मा जी का भव्य स्वागत किया गया। विद्यार्थियों ने फूल-मालाओं और गीतों के साथ अपने गुरु के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। स्कूल प्रशासन ने उनके 40 वर्षों के सेवाकाल को संस्थान के लिए एक 'स्वर्ण युग' बताया और शिक्षा के प्रति उनके समर्पण की सराहना की। शून्य से शिखर तक का सफर सैंज घाटी की रैला पंचायत के जीवा गांव के एक साधारण परिवार में जन्मे राजेंद्र शर्मा की यात्रा प्रेरणादायक रही है: शिक्षा: प्रारंभिक शिक्षा प्राथमिक विद्यालय शरण-II से करने के बाद उन्होंने सैंज स्कूल से ही अपनी माध्यमिक शिक्षा पूरी की। इसके बाद प्रभाकर, स्नातक, एमए (हिंदी), जेबीटी और बीएड जैसी उच्च शिक्षा मेरिट के साथ हासिल की। करियर की शुरुआत: वर्ष 1987 में जेबीटी अध्यापक के रूप में नियुक्ति हुई। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने मझाण और खुन्न जैसे अत्यंत दुर्गम क्षेत्रों में भी अपनी सेवाएं दीं। पदोन्नति: जेबीटी से सफर शुरू कर वे भाषा अध्यापक और टीजीटी हिंदी के पद तक पहुँचे। सेवा के मुख्य केंद्र राजेंद्र शर्मा ने अपने 40 वर्ष 03 माह के कार्यकाल में कई विद्यालयों को सींचा, जिनमें मुख्य रूप से: प्रारंभिक चरण: राजकीय केंद्र प्राथमिक विद्यालय सैंज, मंगलौर, पुखरी, करटाह और शरण-II। वरिष्ठ चरण: वराण, ढालपुर कुल्लू, खल्याणी और अंत में पीएम श्री सैंज। भविष्य का संकल्प और आभार विदाई के क्षणों में भावुक होते हुए राजेंद्र शर्मा ने कहा, "मैंने जीवन भर कड़ी मेहनत से हर मुकाम हासिल किया है और मेरा प्रयास हमेशा विद्यार्थियों की भलाई रहा है। सरकारी सेवा भले ही समाप्त हो रही हो, लेकिन समाज की भलाई के लिए मैं आगे भी सक्रिय रहूँगा।" उन्होंने अपने पूरे जीवन काल में सहयोग देने के लिए सभी सहयोगियों और क्षेत्रवासियों का आभार जताया। अपनी सेवानिवृत्ति के उपलक्ष्य में उन्होंने अपने पैतृक गांव जीवा (सिउंड) में सभी शुभचिंतकों के लिए धाम (पारंपरिक भोज) का आयोजन भी किया है।1
- एंट्री टैक्स को लेकर बवाल, तख्तियां बैनर लेकर अभी पक्ष का विधानसभा परिसर में धरना प्रदर्शन शिमला हिमाचल प्रदेश एंट्री टैक्स को लेकर विवाद और गहराता जा रहा है. मंगलवार को प्रदेश विधानसभा में सदन की कार्रवाई शुरू होने से पहले विपक्ष ने विधानसभा के बाहर धरना प्रदर्शन किया. एंट्री टैक्स को लेकर विपक्ष के विधायकों ने विधानसभा परिसर के बाहर विरोध जताया. इस दौरान विपक्ष के विधायक बैनर और तख्तियां लेकर पहुंचे और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. इस दौरान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि एंट्री टैक्स को लेकर हिमाचल प्रदेश के साथ-साथ पड़ोसी राज्य पंजाब और हरियाणा में भी विरोध हो रहा है. उन्होंने कहा कि बिना सोचे-समझे और जल्दबाजी में फैसले लेने से ऐसी स्थिति पैदा होती है. उन्होंने सरकार से मांग की कि प्रदेश की जनता के साथ बदसलूकी न हो और इस मुद्दे पर तुरंत फैसला लिया जाए. VO -- जयराम ठाकुर ने कहा कि सदन के भीतर और सदन के बाहर पहले भी एंट्री टैक्स का मुद्दा उठाया गया है, लेकिन प्रदेश सरकार की स्थिति स्पष्ट नहीं है. उन्होंने कहा कि एंट्री टैक्स को लेकर प्रदेश के अंदर भी नाराज़गी और गुस्सा है, खासकर सीमा क्षेत्रों में लोग रोजमर्रा के जीवन में परेशान हो रहे हैं. रिश्तेदारों के घर जाने तक के लिए एंट्री टैक्स देना पड़ रहा है. उन्होंने कहा कि छोटे वाहनों पर एंट्री टैक्स 40 रुपये से बढ़ाकर 170 रुपये कर दिया गया है और बड़े वाहनों पर हजार रुपये तक एंट्री टैक्स लगाया गया है. अब पंजाब और हरियाणा भी हिमाचल के वाहनों पर एंट्री टैक्स बढ़ाने की बात कर रहे हैं, जिसके चलते वहां लोग सड़कों पर उतरकर विरोध कर रहे हैं. जयराम ठाकुर ने कहा कि पंजाब और हरियाणा में कुछ लोग हिमाचल के वाहनों की एंट्री रोकने की बात कर रहे हैं. इसके अलावा मुख्यमंत्री के काफिले को रोकने की भी बात कही जा रही है. ऐसे में मुख्यमंत्री को तुरंत एक्शन लेना चाहिए ताकि पड़ोसी राज्यों में हिमाचल के लोगों के साथ किसी तरह की बदसलूकी न हो. बाइट -- जयराम ठाकुर, नेता प्रतिपक्ष VO -- नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रधानमंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि केंद्र सरकार लगातार हिमाचल प्रदेश की मदद कर रही है. उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के विकास के लिए 3920 करोड़ रुपये की सहायता दी गई७ है. देश भर में दूसरे नंबर पर हिमाचल को सबसे ज्यादा सहायता दी गई है. उन्होंने कहा कि यह सहायता 50 वर्षों के लिए ब्याज मुक्त ऋण के रूप में दी गई है ताकि प्रदेश में विकास को गति मिल सके. जयराम ठाकुर ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार इस सहायता को छुपाने का प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा कि इससे पहले भी केंद्र सरकार से लगभग 7500 करोड़ रुपये की मदद प्रदेश को मिल चुकी है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हिमाचल की जनता की ओर से आभार व्यक्त किया जाना चाहिए. बाइट -- जयराम ठाकुर, नेता प्रतिपक्ष2